इजरायली विपक्ष प्रधानमंत्री के लिए प्रत्यक्ष चुनाव पर विचार कर रहा है
🤖 यह सामग्री लिंक किए गए स्रोत के आधार पर एआई की सहायता से तैयार और संक्षेपित की गई है — यह मूल स्रोत या पेशेवर सलाह का विकल्प नहीं है।
मूल स्रोत:maariv.co.il
मुख्य निष्कर्ष
- 'परिवर्तन ब्लॉक' नेसेट को भंग करने से बचने के लिए प्रत्यक्ष चुनाव पर विचार कर रहा है।
- इसका लक्ष्य अरब पार्टियों के समर्थन के बिना सरकार बनाना है।
- कार्यकाल की सीमा का कानून नेतन्याहू को अयोग्य घोषित कर सकता है।
- यह प्रस्ताव 2021 में नेतन्याहू द्वारा समर्थित मॉडल पर आधारित है।
हालिया चुनावों के बाद इजरायली राजनीति ठप हो गई है, क्योंकि किसी भी गुट को स्पष्ट बहुमत नहीं मिला है। चूंकि विपक्ष ने अरब पार्टियों पर निर्भर न रहने का वादा किया है, इसलिए सरकार बनाना मुश्किल हो गया है। इस गतिरोध को तोड़ने के लिए, नेता प्रत्यक्ष प्रधानमंत्री चुनाव के मॉडल पर विचार कर रहे हैं, जिसे नेतन्याहू ने खुद 2021 में प्रस्तावित किया था।
इसके अतिरिक्त, प्रधानमंत्री के कार्यकाल को दो बार या आठ साल तक सीमित करने के लिए कानून लाने की चर्चा है। यह कदम नेतन्याहू को भविष्य के चुनावों से बाहर कर सकता है। इस विचार के समर्थकों का कहना है कि 90 के दशक में नेतन्याहू ने खुद तर्क दिया था कि एक नेता को दो कार्यकालों के भीतर अपना एजेंडा पूरा कर लेना चाहिए।
और गहराई में जाना चाहते हैं?
इंटरैक्टिव अध्ययन चर्चा में शामिल हों — प्रश्न पूछें, चुनौती दें और खोजें।
Recommended for you
Tools and services we trust to boost productivity and content workflows.
Browse picks